uttarakhand

समाधान दिवस में डीएम का सख्त एक्शन, आंचल डेयरी प्रबंधक का रोका वेतन

लापरवाह अधिकारियों और भू-माफियाओं पर कार्रवाई के निर्देश

देहरादून। जन समस्याओं के त्वरित समाधान को लेकर आयोजित ‘समाधान दिवस’ में जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने अधिकारियों की जवाबदेही तय करते हुए कई मामलों में सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। कलेक्ट्रेट परिसर में आयोजित जनता दरबार में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे 169 लोगों ने अपनी शिकायतें जिलाधिकारी के समक्ष रखीं। इनमें भूमि विवाद, अवैध कब्जे, पारिवारिक प्रताड़ना, आपदा राहत और बुनियादी सुविधाओं से जुड़े मामले प्रमुख रहे। अधिकांश शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण किया गया, जबकि शेष मामलों में संबंधित विभागों को निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

समाधान दिवस के दौरान अधोईवाला निवासी एक शिकायतकर्ता ने अपनी माता के लंबित एसीपी भुगतान का मामला उठाया। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ (आंचल डेयरी) के प्रबंधक के वेतन आहरण पर तत्काल रोक लगाने के निर्देश दिए। साथ ही संबंधित कर्मचारी का लंबित भुगतान बिना देरी के जारी करने के आदेश भी दिए।

जन शिकायतों की सुनवाई के दौरान अवैध कब्जों और भू-माफियाओं से जुड़े मामलों पर भी प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया। मेहूंवाला में सरकारी नहर पर अतिक्रमण, छिद्दरवाला और कृसाली में जनजातीय भूमि पर कथित अवैध प्लॉटिंग तथा ऋषिकेश के त्रिवेणी घाट स्थित खुर्जा वाली धर्मशाला की भूमि पर निर्माण संबंधी शिकायतों की जांच कर संबंधित अधिकारियों को तत्काल कानूनी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।

जिलाधिकारी ने बुजुर्गों और महिलाओं से जुड़े मामलों को भी प्राथमिकता देते हुए आवश्यक निर्देश जारी किए। पारिवारिक प्रताड़ना की शिकायतों में त्वरित सुनवाई, बुजुर्ग दंपती की सुरक्षा व्यवस्था और महिला संबंधित मामलों में निष्पक्ष जांच व काउंसलिंग सुनिश्चित करने को कहा गया। इसके साथ ही आर्थिक सहायता की मांग लेकर पहुंचे विद्यार्थियों, दिव्यांग महिला और जरूरतमंद परिवारों के आवेदनों पर भी प्रशासनिक स्तर पर सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया गया।

बैठक के दौरान देवपुरम में सड़क निर्माण, बंजारावाला में अव्यवस्थित हॉट बाजार तथा अन्य स्थानीय समस्याओं पर भी संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने कहा कि आमजन की शिकायतों का समयबद्ध, पारदर्शी और प्रभावी निस्तारण प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों को सीएम हेल्पलाइन सहित लंबित जन शिकायतों का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।